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सरकार प्रायोजित योजनाएँ

कृषि क्षेत्र

सौर योजनाएं
(नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय, भारत सरकार ने नाबार्ड के माध्यम से सोलर योजनाओं के लिए दी जाने वाली सब्सिडी को 15 मार्च 2017 से बंद करने के संबंध में सूचित किया है. )
 
वर्तमान में, सौर ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए, नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (एमएनआरई), भारत सरकार, की दो पूंजी सब्सिडी योजनायें -  सौर फोटोवोल्टिक वाटर पम्पिंग सिस्टम और एमएनआरई लाईटिंग योजना 2016 नाबार्ड के माध्यम से संचालित की जाती हैं.
 
A.  सिंचाई एवं अन्य प्रयोजनों हेतु सोलर फोटोवोल्टिक वाटर पम्पिंग सिस्टम को बढ़ावा देने के लिए कैपिटल सब्सिडी योजना 
 
एमएनआरई, भारत सरकार ने प्रति वर्ष 30,000 सौर पंप इकाइयों को सहायता देने के लिए दिनांक 3 नवंबर 2014 से संशोधित मानकों के साथ नयी योजना शुरू की है. इस योजना का मुख्य उद्देश्य डीज़ल पम्पसेटों की जगह सौर पम्पसेटों को लगाने तथा पावर ग्रिड पर निर्भरता कम करना भी है. सौर पम्पसेट पर्यावरण के अनुकूल हैं और किसानों को जबरदस्त लाभ प्रदान करते हैं. इसमें परिचालन लागत बहुत कम है और ये निरंतर विद्युत आपूर्ति करते हैं, जिससे किसानों के कृषि उत्पादन और आय में वृद्धि होती है. इस योजना के तहत सब्सिडी केवल उन  सोलर सिस्टम के लिए उपलब्ध है जो एमएनआरई, भारत सरकार द्वारा सौर वाटर पम्पिंग कार्यक्रम हेतु पैनल में शामिल किए गए निर्माताओं / उद्यमियों से लिया  गया हो.  
 
योजना से कौन लाभार्थी हो सकते हैं ? 
 
व्यक्तियों, व्यक्तियों के समूह, एसएचजी, जेएलजी, गैर सरकारी संगठनों के समूह, किसान क्लब, कृषक उत्पादक, कृषक उत्पादक कंपनी. इसके लिए निजी / पब्लिक लिमिटेड कंपनियां / कॉरपोरेट्स पात्र नहीं हैं। 
 
डाउनलोड के लिए लिंक 
 
B.  एमएनआरई की लाईटिंग योजना – वर्ष 2016 
 
सोलर फोटोवोल्टिक लाईटिंग सिस्टम की स्थापना के लिए कैपिटल सब्सिडी स्कीम
एमएनआरई, भारत सरकार ने एलईडी आधारित सिस्टम को सहायता देने के लिए दिनांक 29.2.2016 से एमएनआरई लाईटिंग योजना-2016 शुरू की है. इस योजना के अंतर्गत दिनांक 29. 2. 2016 से 31.3. 2017 तक मंजूर ऋण को सब्सिडी हेतु पात्र माना जाएगा. इसके तहत सब्सिडी सहायता एलईडी आधारित लाईटिंग सिस्टम के केवल 6 मॉडल और 6 मॉडल सोलर होम सिस्टम (सोलर पावर पैक-डीसी / एसी मॉडल) के लिए होंगें. इस योजना के तहत सब्सिडी केवल उन्हीं सोलर सिस्टम के लिए उपलब्ध होगा जो एमएनआरई, भारत सरकार द्वारा पैनल में शामिल किए गए निर्माताओं / उद्यमियों से लिए गए हों.
 
योजना के लाभार्थी  
 
व्यक्तियों, व्यक्तियों का समूह, एसएचजी, जेएलजी, एनजीओ, ट्रस्ट, किसान क्लब, पंजीकृत किसान उत्पादक संगठनों का समूह. इसके लिए निजी / पब्लिक लिमिटेड कंपनियां / कॉरपोरेट्स पात्र नहीं हैं.  
 
डाउनलोड के लिए लिंक