16 December 2025
संदर्भ. सं.राबैं.डीओआर/एलटी नीति/पीपीएस-9/116134-116164/2025-26
परिपत्र सं. 246 /डीओआर - 49/2025
मुख्य कार्यपालक अधिकारी
सभी लघु वित्त बैंक
महोदया/ प्रिय महोदय
नाबार्ड द्वारा लघु वित्त बैंकों को अल्पावधि पुनर्वित्त प्रदान करना –
वर्ष 2025-26 के लिए परिचालनात्मक दिशानिर्देश
वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए परिचालनात्मक दिशानिर्देश आम तौर पर इस पत्र के साथ संलग्न अनुबंध I में दिए गए पात्रता मानदंडों पर आधारित हैं.
2. नाबार्ड, नाबार्ड अधिनियम, 1981 की धारा 21(1) के साथ पठित धारा 21(4) के अंतर्गत, लघु वित्त बैंकों (एसएफबी) को 12 माह से अनधिक अल्पावधि ऋणों के लिए पुनर्वित्त सहायता प्रदान करेगा. यह पुनर्वित्त सहायता, आवेदन की तिथि तक लघु वित्त बैंकों के खातों में बकाया रहने वाले पात्र अल्पावधि ऋणों के 80% की सीमा तक होगी. अल्पावधि पुनर्वित्त की न्यूनतम अवरुद्धता-अवधि (लॉक-इन पीरियड) 30 दिन की होगी, जिसके बाद लघु वित्त बैंकों द्वारा बिना किसी दंडात्मक प्रभार के चुकौती की जा सकेगी.
3. अल्पावधि पुनर्वित्त के लिए पात्र प्रयोजनों में कृषि और संबद्ध क्षेत्रों, कृषतीर क्षेत्र जिनमें कारीगर, बुनकर, हस्तशिल्प, कृषि उत्पादों, कृषि निविष्टियों, कृषीतर उत्पादों का विपणन, वास्तविक व्यापारिक गतिविधियाँ इत्यादि शामिल हैं, के लिए अल्पावधि/ कार्यशील पूँजीगत ऋण शामिल है.
4. लघु वित्त बैंक अल्पावधि पुनर्वित्त की मंजूरी के लिए संलग्न (अनुबंध-II) प्रारूप के अनुसार अपने आवेदन नाबार्ड के प्रधान कार्यालय को, साथ ही जहाँ लघु वित्त बैंक का प्रधान कार्यालय स्थित है वहाँ के नाबार्ड के क्षेत्रीय कार्यालय को एक प्रति पृष्ठांकिंत करने की व्यवस्था करें.
5. कृपया इस परिपत्र की पावती दें.
भवदीय
(डॉ. के एस महेश)
मुख्य महाप्रबंधक